नई दिल्ली। देश में कोरोना वायरस का संकट गहराता जा रहा है, मंगलवार दोपहर तक करीब 1400 मामले सामने आ चुके हैं और संकट बढ़ता जा रहा है. इस बीच 21 दिनों के लॉकडाउन की वजह से आम जनमानस को दिक्कतें हो रही हैं और गरीब सबसे ज्यादा प्रभावित है. पूर्व केंद्रीय मंत्री पी. चिदंबरम ने इसी मसले पर तमिलनाडु और मोदी सरकार पर निशाना साधा है. कांग्रेस नेता ने कहा है कि सरकार ने लॉकडाउन बिना किसी तैयारी के किया. पर्व वित्त मंत्री ने मंगलवार को ट्वीट कर लिखा, 'तमिलनाडु के थिरुवर जिले से सीधी ग्राउंड रिपोर्ट ये कहती है कि हर पंचायत में कुछ गांव हैं. लेकिन किसी भी एक गांव में केंद्र या फिर राज्य सरकार के द्वारा की गई मदद नहीं पहुंची है. पी. चिदंबरम ने लिखा कि अगर तमिलनाडु जैसा राज्य जो संगठित होने का दावा करता है, फिर भी पैसा नहीं पहुंचाया जा रहा है तो फिर अन्य राज्यों का क्या होगा. उन्होंने आरोप लगाया कि मोदी सरकार ने बिना किसी तैयारी के लॉकडाउन का ऐलान किया. इससे भी बुरा ये है कि लॉकडाउन के बाद हालात को गलत तरीके से हैंडल किया जा रहा है. आपको बता दें कि लॉकडाउन के ऐलान के बाद केंद्र सरकार ने एक राहत पैकेज का ऐलान किया था, जिसके तहत मुफ्त राशन, महिलाओं को बैंक खाते में पैसा जैसे कई बड़े ऐलान किए थे. इसके अलावा राज्य सरकार की ओर से भी मजदूरों और गरीबों के खाते में पैसा डालने की बात कही थी और राशन देने की बात कही थी. गौरतलब है कि 21 दिनों के लॉकडाउन के बाद देश में अलग-अलग जगह पर परेशानी देखने को मिली है. जिसमें सबसे अधिक प्रभावित गरीब तबका हुआ है, दिहाड़ी मजदूरों का काम पूरी तरह से ठप है इसबीच हर कोई अपने घर वापस जाने की होड़ में लगा हुआ है।
चिदंबरम की 'ग्राउंड रिपोर्ट'- बिना तैयारी के हुआ लॉकडाउन, लोगों तक नहीं पहुंच रही मदद